अंबिकापुर। कल विशेष न्यायाधीश नार्कोटिक्स अंबिकापुर अतुल कुमार श्रीवास्तव ने अपने जजमेंट में दर्रीपारा निवासी सूरज यादव पिता गोपाल यादव निवासी दर्री पारा थाना मणिपुर जिला सरगुजा (छत्तीसगढ़) को नशीला इंजेक्शन धारण करने के जुर्म में 12 वर्ष की सश्रम कारावास की सज़ा तथा ₹100000 जुर्माना का दंड सुनाया है। जुर्माना नहीं पटाने पर छह माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास की सजा भोगनी होगी।
घटना का विवरण इस प्रकार है कि 29-09-2025 को रात्रि में सहायक जिला आबकारी अधिकारी रंजीत गुप्ता को उड़नदस्ता कार्यालय में मुखबिर से सूचना मिली थी कि दर्री पारा निवासी सूरज यादव अपनी टीवीएस बाइक क्रमांक CG 15 CH 0906 से हर्रा टिकरा पुलिया मेडिकल कॉलेज के पास भारी मात्रा में इंजेक्शन का सप्लाई करने वाला है, मुखबीर सूचना की विश्वसनीयता पर तत्काल उड़नदस्ता टीम ने मेडिकल कॉलेज हर्राटिकरा पुलिया के पास चारों तरफ से घेराबंदी कर सूरज यादव को पकड़ा.. उसके पीठ पर टंगे पिट्ठू बैग की तलाशी लेने पर उसमें 99 नग REXOGESIC इंजेक्शन तथा 79 नग AVIL INJECTION बरामद हुआ।
आरोपी को एनडीपीएस एक्ट की धारा 22 C के तहत गिरफ्तार कर 30.9.2025 को न्यायिक रिमांड पर जेल दाखिल कर दिया गया था। उक्त कार्रवाई सहायक जिला आबकारी अधिकारी रंजीत गुप्ता द्वारा की गई थी। आरोपी सूरज यादव को कल तक सज़ा सुनाते तक जमानत नहीं मिली थी।
सहायक जिला आबकारी अधिकारी रंजीत गुप्ता ने बताया कि मैं एनडीपीएस एक्ट की इसी भयावहता के बारे में लोगों को सोशल मीडिया के माध्यम से हमेशा अवगत कराता रहता हूँ कि यह एक भयावह एक्ट है इसके तहत अपराध करने पर ज़मानत का लाभ मिलना भी मुश्किल है और सजा मिलना भी लगभग कन्फर्म है.. सहायक जिला आबकारी अधिकारी रंजीत गुप्ता ने बताया कि किसी व्यक्ति को सजा मिलने पर मुझे खुशी नहीं होती क्योंकि उसका अपना परिवार होता है परंतु ऐसे नशे के सौदागरों को जो हजारों लोगों को मौत का सामान बेच रहे हैं न्यायालय की इस सजा से डर बनेगा और एक सीख मिलेगी कि गलत काम का अंजाम गलत ही होता है।
आरोपी सूरज यादव के केस की पैरवी जाने माने अधिवक्ता संजय अम्बष्ट कर रहे थे जबकि अभियोजन पक्ष के वकील विशेष लोक अभियोजक श्री नरेन्द्र पाण्डे थे।।




