बिलासपुर। दक्षिण पूर्व रेलवे के चक्रधरपुर मंडल अंतर्गत झारसुगुड़ा पैसेंजर यार्ड में नॉन-इंटरलॉकिंग कार्य के चलते गोंदिया–झारसुगुड़ा–गोंदिया मेमू पैसेंजर ट्रेन का परिचालन आंशिक रूप से प्रभावित रहेगा। रेलवे ने यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए ट्रेन को पूरी तरह रद्द करने के बजाय गोंदिया से बिलासपुर के बीच संचालित करने का निर्णय लिया है। निर्धारित अवधि में बिलासपुर से झारसुगुड़ा के बीच इस ट्रेन का परिचालन रद्द रहेगा।
रेलवे से प्राप्त जानकारी के अनुसार, गाड़ी संख्या 68861/68862 गोंदिया–झारसुगुड़ा–गोंदिया मेमू पैसेंजर का परिचालन 26 नवंबर 2026 से 16 दिसंबर तक संशोधित व्यवस्था के तहत किया जाएगा। इस दौरान ट्रेन गोंदिया से बिलासपुर के बीच चलेगी, जबकि बिलासपुर से झारसुगुड़ा के मध्य रद्द रहेगी।
झारसुगुड़ा पैसेंजर यार्ड में रेलवे की ओर से चरणबद्ध तरीके से नॉन-इंटरलॉकिंग से संबंधित कार्य निर्धारित किए गए हैं। इसके तहत 27 नवंबर से 14 दिसंबर 2026 तक 18 दिनों का प्री-नॉन-इंटरलॉकिंग कार्य किया जाएगा। इसके बाद 15 दिसंबर को 10 घंटे का नॉन-इंटरलॉकिंग कार्य निर्धारित है। वहीं, 16 और 17 दिसंबर को दो दिनों तक पोस्ट-नॉन-इंटरलॉकिंग कार्य किया जाएगा।
रेलवे ने बताया कि इन कार्यों के दौरान यात्रियों को होने वाली असुविधा कम करने के उद्देश्य से ट्रेन के संचालन में आंशिक बदलाव किया गया है। इसके तहत गोंदिया से बिलासपुर के बीच सेवा जारी रहेगी, जबकि बिलासपुर से झारसुगुड़ा के बीच ट्रेन उपलब्ध नहीं होगी।
रेलवे ने यात्रियों से यात्रा की योजना बनाते समय संशोधित परिचालन व्यवस्था का ध्यान रखने की अपील की है। इस बदलाव से विशेष रूप से बिलासपुर और झारसुगुड़ा के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों को अपनी यात्रा के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करनी होगी।










