June 16, 2026

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रायगढ़ पुलिस के “ऑपरेशन प्रहार” के तहत अवैध कबाड़ परिवहन पर बड़ी कार्रवाई, 8 टन पॉयलट गोली (कच्चा आयरन) से भरे ट्रेलर को चक्रधरनगर पुलिस ने किया जब्त “ऑपरेशन आघात” के तहत अवैध शराब कारोबारियों पर लगातार कार्रवाई, कोतवाली पुलिस ने उर्दना में 15 लीटर महुआ शराब के साथ आरोपी को पकड़ा फांसी के फंदे पर लटकता मिला युवक का शव, जांच में जुटी पुलिस संभागीय आबकारी उड़नदस्ता टीम को मिली बड़ी सफलता, दो लाख कीमती 200 नग नशीली इंजेक्शन के साथ आरोपी वाहिद अंसारी गिरफ्तार रायगढ़ पुलिस ने बाजार हाट में सक्रिय झपटमार और पाकेटमार गिरोह का किया पर्दाफाश, लैलूंगा बाजार में सशस्त्र जवानों की सतर्कता से वारदात के तुरंत बाद मुख्य आरोपी महिला गिरफ्तार बंदी मौत मामले में बढ़ी सख्ती: दो पुलिसकर्मी लाइन अटैच, न्यायिक जांच पर टिकी निगाहें
रायगढ़ पुलिस के “ऑपरेशन प्रहार” के तहत अवैध कबाड़ परिवहन पर बड़ी कार्रवाई, 8 टन पॉयलट गोली (कच्चा आयरन) से भरे ट्रेलर को चक्रधरनगर पुलिस ने किया जब्त “ऑपरेशन आघात” के तहत अवैध शराब कारोबारियों पर लगातार कार्रवाई, कोतवाली पुलिस ने उर्दना में 15 लीटर महुआ शराब के साथ आरोपी को पकड़ा फांसी के फंदे पर लटकता मिला युवक का शव, जांच में जुटी पुलिस संभागीय आबकारी उड़नदस्ता टीम को मिली बड़ी सफलता, दो लाख कीमती 200 नग नशीली इंजेक्शन के साथ आरोपी वाहिद अंसारी गिरफ्तार रायगढ़ पुलिस ने बाजार हाट में सक्रिय झपटमार और पाकेटमार गिरोह का किया पर्दाफाश, लैलूंगा बाजार में सशस्त्र जवानों की सतर्कता से वारदात के तुरंत बाद मुख्य आरोपी महिला गिरफ्तार बंदी मौत मामले में बढ़ी सख्ती: दो पुलिसकर्मी लाइन अटैच, न्यायिक जांच पर टिकी निगाहें

कलेक्टर का जनदर्शन शिकायत बना मजाक ? जाँच रिपोर्ट गई तो गई कहाँ .. जांच रिपोर्ट भेजी भी गई और ‘मिली’ भी नहीं , भस्टाचारी को बचाने कि साजिश ?

घरघोड़ा। सरकारी कामकाज में पारदर्शिता का नया मॉडल सामने आया है जहां फाइलें चलती भी हैं और पहुंचती भी नहीं! ग्राम पंचायत अमलीडीह के कथित भ्रष्टाचार मामले में जांच रिपोर्ट अब प्रशासनिक रहस्य बन चुकी है, जिसे हर विभाग अपने-अपने तरीके से देख रहा है या शायद नहीं भी देख रहा।
मामला तब शुरू हुआ जब जिला कलेक्टर साहब के जनदर्शन में अमलीडीह के तत्कालीन सचिव शांति बेहरा पर ब्यापक आर्थिक अनियमितताओं की शिकायत दर्ज हुई। कलेक्टर ने जांच के आदेश दिए जांच टीम ने मेहनत कर जाँच के लिए कागज भरे सूची बनाई और यहीं से कहानी रोचक हो गई।

जनपद पंचायत का दावा है कि 6 मार्च 2026 को जांच रिपोर्ट बड़े आदर के साथ जिला पंचायत को भेज दी गई। लेकिन जिला पंचायत का कहना है हमें तो कोई रिपोर्ट मिली ही नहीं! जब कि जनपद पंचायत के पास ऑफिस कि पावती भी है। अब सवाल यह है कि रिपोर्ट ने बीच रास्ते में छुट्टी ले ली, या फाइलों के जंगल में ध्यानमग्न हो गई? शिकायतकर्ता ने हार नहीं मानी। जन समस्या निवारण शिविर में फिर से आवेदन दिया। जवाब मिला रिपोर्ट भेज दी गई है, आगे की कार्रवाई जिला कार्यलय करेगा। लेकिन जब जिला कार्यालय पहुंचे, तो वहां से सीधा जवाब ऐसी कोई रिपोर्ट आई ही नहीं।

ग्रामीण अब इस पूरे मामले को सरकारी लुका-छिपी प्रतियोगिता बता रहे हैं, जहां एक पक्ष कहता है हमने भेजा दूसरा कहता है हमें नहीं मिला और असली मुद्दा कहीं फाइलों के बीच दम तोड़ता नजर आ रहा है। पुरे मामले में कहीं न कहीं भ्रष्टाचार में लिप्त सचिव को बचाने कि साजिश कि बु आ रही है। शिकायत कर्ता का स्पष्ट कहना है कि अगर इसी रफ्तार से जांच चलती रही, तो आने वाले समय में यह केस प्रशासनिक प्रशिक्षण का उदाहरण बनेगा कैसे एक रिपोर्ट को बिना मिले ही निपटा दिया जाए। क्या यह महज लापरवाही है या फिर गोलमोल प्रबंधन कला का उत्कृष्ट प्रदर्शन ? फिलहाल अमलीडीह में जांच कम और जवाबों का खेल ज्यादा चल रहा है।

अब बड़ा सवाल यही है अगर जिला कलेक्टर के जन दर्शन कि शिकायत पर इस तरह कि कार्यवाई देखने को मिलेगी तो फिर ग्रामीण लाचार किसके पास अपनी गुहार लगाएगा

बहरहाल देखना होगा कि समाचार प्रकाशन के बाद मामले में जिला प्रशासन कोई कार्यवाई करती है या फिरहमेशा कि तरह वही कागज फाइलो में सिमट कर रह जायेंगे।

Sailaab News
Author: Sailaab News

Owner name : ajay kumar khatri

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