रायगढ़। लैलूंगा विधानसभा क्षेत्र की बहुप्रतीक्षित कुंजारा-केशला-तोलगे सड़क को लेकर अब ग्रामीणों का धैर्य जवाब देने लगा है। वर्षों से खस्ताहाल पड़ी इस सड़क के निर्माण की मांग को लेकर क्षेत्रवासियों ने एकजुट होकर अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) लैलूंगा को ज्ञापन सौंपा है। ग्रामीणों ने प्रशासन को 31 जुलाई तक का अल्टीमेटम देते हुए स्पष्ट कहा है कि यदि इस अवधि में सड़क निर्माण या मरम्मत कार्य शुरू नहीं हुआ, तो केशला मोड़ (कुंजारा हाई स्कूल के पास) पर अनिश्चितकालीन चक्काजाम किया जाएगा।
ग्रामीणों के अनुसार कुंजारा, केशला और तोलगे को जोड़ने वाला यह प्रमुख मार्ग करीब दो दशकों से उपेक्षा का शिकार है। सड़क की हालत इतनी खराब हो चुकी है कि जगह-जगह बने गहरे गड्ढे, उखड़ी हुई डामर और बरसात के दौरान कीचड़ लोगों के लिए बड़ी परेशानी बन गए हैं। इस मार्ग से प्रतिदिन लगभग 15 ग्राम पंचायतों के हजारों ग्रामीणों का आवागमन होता है, लेकिन सड़क की जर्जर स्थिति के कारण हर सफर जोखिम भरा साबित हो रहा है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि वर्षों से सड़क निर्माण की मांग उठाई जा रही है। हर बार प्रशासन और शासन की ओर से स्वीकृति और प्रक्रिया का हवाला देकर आश्वासन तो दिया गया, लेकिन आज तक निर्माण कार्य धरातल पर शुरू नहीं हो सका। लगातार मिल रहे आश्वासनों के बावजूद स्थिति जस की तस बनी रहने से लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त है।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि खराब सड़क के कारण अब तक अनेक दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। सबसे ज्यादा परेशानी स्कूली छात्र-छात्राओं, मरीजों, किसानों, व्यापारियों और दैनिक आवागमन करने वाले लोगों को उठानी पड़ रही है। कई बार जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के समक्ष समस्या रखी गई, लेकिन समाधान नहीं निकल सका।
ज्ञापन के माध्यम से ग्रामीणों ने मांग की है कि जनहित और जनसुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए 31 जुलाई तक सड़क निर्माण अथवा आवश्यक मरम्मत कार्य शुरू कराया जाए। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने समय रहते कदम नहीं उठाया, तो केशला मोड़ पर चक्काजाम कर व्यापक आंदोलन शुरू किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।
अब क्षेत्रवासियों की नजर प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हुई है। यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर काम शुरू नहीं हुआ, तो लैलूंगा क्षेत्र में सड़क को लेकर बड़ा जनआंदोलन खड़ा होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।












